Share Market Crash: 5 कारणों से शेयर बाजार में भारी गिरावट

ईरान और इजराइल के बीच बढ़ते तनाव के बीच भारतीय शेयर बाजार में सोमवार को भारी गिरावट देखने को मिली। सेंसेक्स 900 अंकों से अधिक टूटकर 63,148.15 अंक पर आ गया, जबकि निफ्टी 264.90 अंक की गिरावट के साथ 18,857.25 अंक पर बंद हुआ। इस गिरावट के चलते बीएसई में लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैप एक झटके में करीब 6 लाख करोड़ रुपये गिरकर 394.68 लाख करोड़ रुपये पर आ गया।

भारतीय शेयर बाजार गिरावट के 5 मुख्य कारण

  1. ईरान-इजराइल युद्ध: ईरान और इजराइल के बीच बढ़ते तनाव ने वैश्विक बाजारों में अनिश्चितता पैदा कर दी है, जिससे निवेशक घबरा गए हैं और बाजार से पैसा निकाल रहे हैं।
  2. अमेरिकी डॉलर में मजबूती: अमेरिकी डॉलर में लगातार मजबूती जारी है, जिससे भारतीय रुपया कमजोर हुआ है। इससे विदेशी निवेशकों के लिए भारतीय शेयर बाजार में निवेश करना महंगा हो गया है।
  3. भारत-मॉरीशस टैक्स समझौता: भारत ने मॉरीशस के साथ डबल टैक्सेशन अवॉयडेंस एग्रीमेंट (DTAA) में संशोधन किया है, जिससे टैक्स में छूट के दुरुपयोग पर रोक लगी है। यह उन विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (FPI) के लिए नकारात्मक है जो मॉरीशस के रास्ते भारतीय बाजार में निवेश करते हैं।
  4. कमजोर ग्लोबल संकेत: अमेरिकी बाजार शुक्रवार को लाल निशान में बंद हुए थे। वहीं एशियाई बाजारों में भी गिरावट देखी गई थी।
  5. महंगाई में बढ़ोतरी: अमेरिका में महंगाई के आंकड़े अर्थशास्त्रियों के अनुमानों से अधिक रहे हैं, जिससे ब्याज दरों में जल्द कटौती की संभावना कमजोर हुई है। इससे वैश्विक अर्थव्यवस्था पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।

निष्कर्ष:

ईरान-इजराइल युद्ध, अमेरिकी डॉलर में मजबूती, भारत-मॉरीशस टैक्स समझौता, कमजोर ग्लोबल संकेत और महंगाई में बढ़ोतरी जैसे कई कारकों के चलते भारतीय शेयर बाजार में भारी गिरावट आई है। निवेशकों को सलाह दी जाती है कि वे बाजार में सावधानी से निवेश करें और किसी भी बड़े फैसले लेने से पहले विशेषज्ञों की सलाह लें।